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Tum Aur Main

Poetry

Tum Aur Main

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मै अभिषेक चारण राजस्थान के जालौर जिले के सनवाड़ा ग्राम से हूँ। मेरी कविताएं बस आपके आनंद के लिए है। अपने जीवन साथी के साथ आप इन्हें गुनगुना सकते है। उसकी याद में मोबाइल और टीवी के शोर से दूर इस किताब के पन्नों को अपना साथी बना सकते है। आप नुक्कड़ से लेकर खेतों के मेड तक और पीपल से लेकर नदी तक इसमें तैर कर आ सकते है। चाहे तो चाय की टपरी का स्वाद ले सकते है या आप वृक्ष की बाहों में बाहे डालकर जीवन की व्यथा बता सकते है।

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