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Khushbu

Poetry

Khushbu

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इस पुस्तक में मैंने जहाँ धार्मिक, सामाजिक, आर्थिक और समसामयिक विषयों को उजागर किया है, वहीं श्रृंगार, वीर, हास्य एवं वीभत्स जैसे रसों में भी सृजन का प्रयास किया है। मैने छंदों में भी विविधता लाने का प्रयास किया है। इस पुस्तक में बाल कविता है तो ईश्वर की स्तुतियाँ भी है। कुल मिला कर हर उम्र के पाठक के लिए कुछ न कुछ सामग्री इसमें विद्यमान है। इस पुस्तक में सभी की भावनाओं का यथासंभव ध्यान रखा गया है। फिर भी पुस्तक की किसी भी सामग्री से किसी की भावना आहत होती है तो अग्रिम क्षमा । साथ ही आगामी पुस्तक के लिए आपलोगों के बहुमूल्य सुझाव सादर आमंत्रित है।

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